December 04, 2016

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जासूसी रैकेट में पकड़े गए अपने पीए के समर्थन में आए सपा सांसद मुनव्वर सलीम

जासूसी रैकेट में फहात नाम के एक और शख्स को पकड़ा गया।

राज्य सभा सांसद मुनव्वर सलीम

जासूसी रैकेट में फहात नाम के एक और शख्स को पकड़ा गया है। जानकारी मिली कि वह यूपी का रहने वाला है। फवात समाजवादी पार्टी की तरफ से राज्य सभा सांसद मुनव्वर चौधरी का पीए है। अपराध शाखा के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सपा के राज्यसभा सदस्य मुनव्वर सलीम के पीए फरहत को बीती रात हिरासत में लिया गया और उससे पूछताछ की जा रही है। हालांकि, सांसद मुनव्वर सलीम ने फवात का समर्थन किया। मुनव्वर ने कहा, ‘मैंने पीए को पिछले साल सभी जरूरी जांच करने के बाद ही लिया था। मैं सभी तरह की जांच में सहयोग करने को तैयार हूं।’ बता दें, दिल्ली पुलिस ने गुरुवार को एक जासूसी रैकेट का पर्दाफाश किया था। इंडियन एक्सप्रेस को जानकारी मिली की पुलिस उस रैकेट के पीछे पिछले 6 महीनों से लगी हुई थी। उस गिरोह पर बॉर्डर पर तैनात भारतीय सुरक्षा बल से जुड़ी सीक्रेट जानकारी पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) तक पहुंचाने का आरोप है। इस गिरोह में पुलिस ने कुल चार लोगों को पूछताछ के लिए पकड़ा था। पुलिस ने महमूद अख्तर, रमजान खान और सुभाष जांगिड़ को पकड़ा था। इन तीनों को दिल्ली के चिड़िया घर के पास से पकड़ा गया था। महमूद अख्‍तर पाकिस्तान उच्‍चायोग के वीजा विभाग में काम करता था।

दिल्ली पुलिस की टीम ने 6 महीने की छानबीन के बाद इन लोगों को पकड़ा था। पाकिस्तान के लिए जासूसी करने का आरोपी सुभाष जांगिड़ 2013 का राजस्थान विधानसभा चुनाव भी लड़ चुका है। जांगिड़ ने नागौर जिले की खिंवसर विधानसभा सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ा था। चुनाव आयोग में जमा कराए जांगिड़ के एफिडेविट के मुताबिक उसकी कुल संपत्ति 3.12 लाख रुपए है। इससे से उसने 1.24 लाख रुपए की संपत्ति अपनी पत्नी के नाम बताई है, हालांकि, उसने अपनी पत्नी के नाम का जिक्र नहीं किया है। सुभाष ने साल 2006 में कक्षा नौ पूरी करने के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। वह कॉलेज की राजनीति में काफी रूचि रखता था। वह अक्सर फेसबुक पर ‘देशभक्ति वाले पोस्ट’ शेयर करता था। उसने राजस्थान यूनिवर्सिटी के चुनाव के वक्त एक उम्मीदवार के समर्थन में प्रचार भी किया था। साल 2013 में निर्दलीय विधायक हनुमान बेनीवाल ने खिंवसर सीट से 65,399 वोटों के साथ जीत हासिल की थी। उसने बसपा को दूसरे और भाजपा को तीसरे नंबर पर छोड़ दिया था सुभाष को 1939 वोट मिले थे, जो कि नोटा से भी कम थे। दिल्ली पुलिस के मुताबिक जांगिड़ को अन्य आरोपी ने बहलाया-फुसलाया था, क्योंकि उसे पता था कि वह भारी कर्ज में है।

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First Published on October 29, 2016 11:31 am

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