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हनी ट्रैप के जहर को बेअसर करने की कोशिशें जारी

रक्षा मंत्री मनोहर पर्रीकर ने पाकिस्तान की हरकतों को लेकर कहा कि हमारे सहने की क्षमता अब खत्म हो गई है। हम कुछ न कुछ जरूर करेंगे।
मनोहर परिकर का राजस्थान दौरा

रक्षा मंत्री मनोहर पर्रीकर ने पाकिस्तान की हरकतों को लेकर कहा कि हमारे सहने की क्षमता अब खत्म हो गई है। हम कुछ न कुछ जरूर करेंगे। इसके नतीजे आने में एक साल लगेगा। पर्रीकर ने कहा, मुझे नहीं लगता कि ऐसी चीजें ( जासूसी) उच्च स्तर पर होती है। कुछ चीजें सामने आई हैं लेकिन वे निचले स्तर पर हैं और हमने (उन्हें रोकने के लिए) सभी सावधानियां बरती हैं। जब हम सतर्क होते हैं तो लालच देकर जाल में फंसने जैसी चीजें आमतौर पर नहीं हो पातीं। हमें हमेशा सतर्क रहना चाहिए। हम भर्ती और प्रशिक्षण के समय इसका ध्यान रखते हैं। (जवानों के) सोशल नेटवर्किंग साइटों का इस्तेमाल करने को लेकर स्पष्ट दिशा निर्देश और आचार संहिता हैं।

ध्यान रहे कि हाल में भारतीय वायुसेना के 30 वर्षीय एक अधिकारी रंजीत केके को एक संदिग्ध जासूस को आधिकारिक सूचनाएं कथित रूप से देने के मामले में गिरफ्तार और सेवा से बर्खास्त किया गया है। दिल्ली पुलिस अपराध शाखा के अनुसार अधिकारी ने फेसबुक पर खुद को पत्रकार बताने वाली संदिग्ध जासूस दामिनी मैक्नॉट के बिछाए हनी ट्रैप में फंस कर यह जानकारी साझा की।

प्रधानमंत्री के निर्देश पर बजट चर्चा के लिए राजस्थान आए रक्षा मंत्री पर्रिकर ने शनिवार को यहां पत्रकारों के साथ अनौपचारिक बातचीत में देश की सीमा पर आतंकवादियों की घुसपैठ से लेकर जासूसी तक के कई मुददों पर अपनी राय रखी। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि अब सहन करने का वक्त खत्म हो गया है। पाक के प्रोपेगैंडा का जवाब प्रोपेगैंडा से ही दिया जा रहा है। दुश्मन के आने के रास्ते को चिह्नित किया जा रहा है। देश में सीमा पार से होने वाली हरकतों का सही जवाब दिया जाएगा। उन्होंने पठानकोट आतंकवादी हमले का जिक्र करते हुए कहा कि हम सतर्क हैं और जरूर ऐसा कुछ करेंगे कि जिससे ऐसा दर्द फिर कभी नहीं झेलना पडेÞ। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के लिहाज से ज्यादा कुछ नहीं बताया जा सकता।

रक्षा मंत्री ने सैन्य ठिकनों की जासूसी और हमलों के प्रयास के बारे में कहा कि जल्द ही सैन्य ठिकानों का सुरक्षा आॅडिट कराया जाएगा। इसमें सामने आने वाली कमियों को दूर कर सैन्य ठिकानों की सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता किया जाएगा। बेस कमांडर स्तर से सुरक्षा आॅडिट की शुरुआत की जाएगी उसके बाद विशेष दल से भी जांच कराई जाएगी। आइएसआइ के टारगेट पर भारतीय सेना को लेकर रक्षा मंत्री ने कहा कि हमारा नेटवर्क प्रभावी और खासा असरदार है। उनके नेटवर्क का ज्यादा फर्क नहीं पड़ता है। सोशल मीडिया पर पाक और अन्य आतंकी संगठनों की तरफ से चलाए जा रहे अभियान और जासूसी रोकने के लिए नई रणनीति बनाई जा रही है। सरकार के निर्देश के बाद इस पर नियंत्रण पाने का काम किया जा रहा है।

पर्रिकर ने कहा कि पक्षियों से जासूसी कराने का पुराना इतिहास रहा है और यह काम अब ड्रोन के जरिये भी होता है। इसकी रोकथाम के लिए सेना पूरी तरह से सतर्क है। सैन्यकर्मियों के जासूसी और तस्करी के मामलों में शामिल होने के मामलों में सैन्य अधिकारी पूरी निगरानी रखा रहे है। इसके साथ ही आला अफसरों को सचेत किया गया है कि सैन्यकर्मी दुश्मन के जाल में नहीं फंसे। जासूसी और तस्करी जैसे मामलों के प्रकरण सामने आते ही सख्त कार्रवाई की जाए। रक्षा मंत्री के साथ ही केंद्रीय सूचना प्रसारण राज्य मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ भी थे। राठौड़ के निर्वाचन क्षेत्र जयपुर ग्रामीण में ही पर्रिकर ने बजट से जुडेÞ सुझाव भी आम जनता से लिए। राठौड़ ने बताया कि बजट में सेना से जुडेÞ मसलों के बारे में सैनिकों और पूर्व सैनिकों से भी चर्चा की जाएगी। इससे पहले शनिवार सवेरे ही दोनों मंत्रियों ने सेना भर्ती रैली की शुरूआत भी की।

रक्षा सामग्री कारखाना- राजस्थान में रक्षा क्षेत्र में कोई विनिर्माण इकाई नहीं है और कम से कम एक ऐसी इकाई राज्य में स्थापित की जानी चाहिए। हम हेलीकाप्टर या लडाकू विमान के पुर्जे या इसी तरह की कोई चीज बनाने के लिए एक इकाई स्थापित करने पर विचार कर रहे हैं। मैंने इस बारे में मुख्यमंत्री से बात की थी। राज्य के पास जमीन उपलब्ध है और इकाई का स्थान बाद में निर्धारित किया जाएगा।

सुरक्षा का लेखा जोखा- पहले बेस कमांडर सुरक्षा का लेखा जोखा तैयार करेंगे। विशेष इकाई अगले माह सुरक्षा का दूसरा लेखा जोखा तैयार करेगी। बजट- मैं लोगों के विचार इकट्ठे कर रहा हूं जो बहुत महत्वपूर्ण हैं और बजट तैयार करने में मददगार हैं क्येंकि जो विचार आए उनमें से कुछ बहुत ही उपयोगी हैं।
सैनिक भर्ती- हमने भर्ती रैली के लिए आॅनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू की। इस बात की आशंका थी कि उम्मीदवारों की संख्या गिर सकती है लेकिन इसके बजाए यह संख्या बढ़ गई है। भारतीय युवा देशभक्त है। उसकी सोच राष्ट्रवादी है इसीलिए वह सेना में भर्ती होना चाहता है।

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