ताज़ा खबर
 

नए अध्यक्ष के चुनाव के लिए एआईटीए ने रखी शर्त, खेल मंत्रालय ने रद्द कर रखी है मान्यता

मंत्रालय ने इस टेनिस संस्था को 90 दिन के अंदर अध्यक्ष का चुनाव करने के लिए कहा है।
Author नई दिल्ली | November 1, 2016 15:54 pm
चित्र का इस्तेमाल सिर्फ प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है। (टेनिस)

अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) ने कहा है कि वह नए अध्यक्ष का चुनाव कराने के लिए तैयार है बशर्ते सरकार आईओए सहित सभी खेल महासंघों पर अपने दिशानिर्देश समान रूप से लागू करे। एआईटीए की खेल मंत्रालय ने मान्यता रद्द कर रखी है। मंत्रालय ने इस टेनिस संस्था को 90 दिन के अंदर अध्यक्ष का चुनाव करने के लिए कहा है। अनिल खन्ना के चुने जाने के बाद दूसरा कार्यकाल नहीं संभालने के बाद से ही यह पद खाली पड़ा हुआ है। खन्ना ने इंदौर में एआईटीए एजीएम में बीच में कुछ समय तक किसी पद पर नहीं रहने के नियम (कूलिंग ऑफ पीरियड) की अस्पष्टता को लेकर पद संभालने से इन्कार कर दिया था। महासचिव पद पर काम करने के बाद उन्हें अध्यक्ष चुना गया था।

महासंघ ने तीन सितंबर की बैठक में उन्हें आजीवन अध्यक्ष चुनकर बाकी पदाधिकारियों का भी चुनाव किया था। सरकार का मानना है कि खन्ना का अध्यक्ष के रूप में पहला कार्यकाल खेल संहिता के नियमों के खिलाफ है लेकिन टेनिस संघ का मानना है कि उसने किसी नियम का उल्लंघन नहीं किया। एआईटीए के महासचिव हिरणमय चटर्जी ने कहा, ‘मैं एसजीएम बुलाऊंगा और अध्यक्ष पद के लिए चुनाव कराऊंगा लेकिन पहले सरकार हमें दिशानिर्देश सौंपे जिससे यह स्पष्ट हो कि हमें कौन से संशोधन करने की जरूरत है। हमारा संघ पहली खेल संस्था थी जिसने खेल संहिता, आयु और कार्यकाल संबंधी दिशानिर्देशों का पालन किया।’ उन्होंने कहा कि इसा संबंध में स्थिति स्पष्ट करने के लिये खेल मंत्रालय को पत्र लिखा गया है।

चटर्जी ने कहा, ‘अगर खन्ना अयोग्य हैं तो फिर ठीक है लेकिन नियमों में कहीं भी यह नहीं गया है कि अध्यक्ष कूलिंग आफ पीरियड से गुजरेगा। यह केवल महासचिव और कोषाध्यक्ष के लिये है। सरकार के दिशानिर्देश स्पष्ट नहीं हैं। उन्हें पहले इन्हें स्पष्ट करना चाहिए और ये सभी के लिए एक समान होने चाहिए। वे केवल हम पर ही इन्हें लागू नहीं कर सकते हैं।’ एआईटीए अधिकारी ने इसके साथ ही कहा कि वे उन्हीं दिशानिर्देशों का पालन कर रहे हैं जिन्हें आईओए ने अपनाया था। उन्होंने कहा, ‘हम बदलावों को शामिल करने के लिये तैयार हैं लेकिन ये सभी के लिए समान रूप से होने चाहिए। हम सरकार से किसी तरह का टकराव नहीं चाहते हैं। हम मिलकर काम करना चाहते हैं।’ टेनिस की विश्व संस्था आईटीएफ अध्यक्ष पद के लिए लगातार तीन कार्यकाल की अनुमति देती है।

खन्ना को 2012 से 2016 तक चार साल के लिए एआईटीए अध्यक्ष चुना गया था। इससे पहले वह दो बार महासचिव रहे थे। खेल संहिता के अनुसार यदि कोई पदाधिकारी लगातार दो कार्यकाल के बाद फिर से किसी पद पर आसीन होना चाहता है तो उसे चार साल तक बाहर रहना होगा। एआईटीए का कहना है खन्ना फिर से महासचिव नहीं बन रहे हैं लेकिन उन्हें जून 2012 में अध्यक्ष चुना गया था और ऐसे कोई निर्देश नहीं है कि महासचिव पद पर रहने वाला व्यक्ति ‘कूलिंग आफ पीरियड’ में गये बिना अध्यक्ष नहीं बन सकता। खन्ना मामूली अंतर से आईटीएफ अध्यक्ष पद का चुनाव हार गये थे लेकिन उन्हें इस विश्व संस्था का उपाध्यक्ष चुना गया और उन्हें निदेशकों के शक्तिशाली बोर्ड में शामिल किया गया है। आईटीएफ उपाध्यक्ष चुने जाने के बाद खन्ना ने पिछले साल एआईटीए अध्यक्ष से इस्तीफा देने की पेशकश की थी लेकिन कार्यकारी समिति ने उन्हें रोक दिया था।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.
Pro Kabaddi League 2017 - Points Table
No.
Team
P
W
L
D
Pts

Pro Kabaddi League 2017 - Schedule
Oct 23, 201721:00 IST
DOME@NSCI SVP Stadium, Mumbai
69
Super Playoffs - Eliminator 2
FT
30
Patna Pirates beat Haryana Steelers (69-30)
Oct 24, 201720:00 IST
DOME@NSCI SVP Stadium, Mumbai
VS
Super Playoffs - Qualifier 1
Oct 24, 201721:00 IST
DOME@NSCI SVP Stadium, Mumbai
VS
Super Playoffs - Eliminator 3

सबरंग