ताज़ा खबर
 

क्रिकेट के बाद मुफलिसी में कट रही है इन 5 खिलाड़ियों की जिंदगी, कोई चलाता है टैक्सी, कोई साफ करता है बस अड्डा

ये खिलाड़ी क्रिकेट की दुनिया में बड़ा नाम थे, लेकिन अब बुरे हालात में काट रहे हैं जिंदगी।
क्रिस केन्स, क्रिस हैरिस और अरशद खान।

क्रिकेटर की दुनिया काफी ग्लैमरस है। लेकिन हर किसी के लिए नहीं। जब तक कोई खिलाड़ी देश और अपनी टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन करता है, सफलता उसके कदम चूमती है। लेकिन जैसे ही वह रिटायर होता है, उसे तभी याद रखा जाता है, अगर उसका करियर शानदार रहा हो। क्रिकेट के बाद भी खिलाड़ियों को काफी अॉप्शंस मिलते हैं। कोई क्रिकेट कोच बन जाता है, कोई क्रिकेट क्लब के लिए खेलता है। कई क्रिकेटर तो गोल्फ भी खेल रहे हैं। कुछ बिजनेस या कॉमेंट्री में अपनी दूसरी पारी चला रहे हैं। लेकिन कुछ क्रिकेटर्स एेसे भी हैं, जो क्रिकेट को अलविदा कहने के बाद मुफलिसी में जिंदगी जी रहे हैं। वह एेसी नौकरियां कर रहे हैं, जो उन्हें क्रिकेट खेलने के दौरान मिली स्टारडम से बिल्कुल अलग है। आइए आपको बताते हैं एेसे ही क्रिकेटर्स के बारे में:

हेनरी ओलंगा, जिम्बाब्वे: 90 के दशक में अपनी गेंदबाजी से कई बल्लेबाजों में खौफ पैदा करने वाले ओलंगा ने 30 टेस्ट और 50 वनडे खेले हैं, जिसमें उन्होंने क्रमश: 68 और 58 विकेट लिए हैं। 2003 के विश्व कप में उन्होंने और एंडी फ्लावर ने जिम्बाब्वे सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए मैच के दौरान अपने हाथ पर काली पट्टी बांधी थी। इसके बाद दोनों ही खिलाड़ियों ने मौत की धमकी मिलने के बाद क्रिकेट को अलविदा कह दिया। फिर दोनों इंग्लैंड चले गए। 2007 में एंडी फ्लावर इंग्लैंड क्रिकेट टीम के कोच बन गए, जबकि ओलंगा ने म्यूजिक में हाथ आजमाया और 2006 में अपनी एक एलबम लॉन्च की।

अरशद खान, पाकिस्तान: इस पूर्व पाकिस्तानी गेंदबाज ने 9 टेस्ट और 58 वनडे में क्रमश: 31 और 133 विकेट चटकाए हैं। वह 1999 में पाकिस्तान की उस टीम का हिस्सा थे, जिसने श्रीलंका के खिलाफ ढाका में एशिया टेस्ट चैम्पियनशिप खेली थी। 2001 तक वह टीम के रेग्युलर बॉलर थे, लेकिन इसके बाद उन्हें ड्रॉप कर दिया गया। 2005 में उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ वापसी की। अच्छा प्रदर्शन न कर पाने के कारण टीम में जगह नहीं मिल सकी। उन्होंने 2006 में रिटायरमेंट ले ली और 2015 में आई रिपोर्ट्स के मुताबिक वह अॉस्ट्रेलिया में बतौर कैब ड्राइवर काम कर रहे हैं।

क्रिस केन्स, न्यू जीलैंड: किवी टीम के बेहद शानदार अॉल राउंडर्स में से एक रहे क्रिस केन्स ने 62 टेस्ट और 215 वनडे खेले हैं और क्रमश: 3320 और 4950 रन बनाए हैं। वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 9 शतक भी जड़ चुके हैं। लेकिन उनका करियर दुखद तरीके से खत्म हुआ। 2006 में क्रिकेट को गुडबाय कह दिया और 2013 में आईसीएल में भाग लिया, जहां उन पर मैच फिक्सिंग के आरोप लगे। 2014 में वह अॉकलैंड में बस अड्डा साफ करते हुए मिले थे।

क्रिस लुइस, इंग्लैंड: इंग्लिश टीम के पूर्व तेज गेंदबाज ने 32 टेस्ट खेले हैं और 93 विकेट चटकाए हैं, जिसमें तीन बार उन्होंने 5 विकेट लिए हैं। लेकिन उस वक्त उन्हें एक अपराधी का दर्जा मिल गया था, जब उन्हें तरल कोकेन की स्मग्लिंग का आरोपी बनाया गया। इस कारण उन्हें 2009 में 13 साल की सजा भी हुई। रिपोर्ट्स के मुताबिक वह अपने क्रिकेट बैग्स में फ्रूट जूस के पैकेट में प्रतिबंधित ड्रग्स बेचने के काम करते थे, जिसकी कीमत 1,40000 पाउंड थी।

क्रिस हैरिस, न्यू जीलैंड: यह अॉलराउंडर किवी टीम का 90 के दशक में बेहद अहम खिलाड़ी था। उन्होंने 23 टेस्ट और 250 वनडे में 5,519 रन बनाए थे और 218 विकेट झटके थे। 2004 में रिटायर होने के बाद वह अॉस्ट्रेलियाई कंपनी अॉर्थोटेक में मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव बन गए थे।

देखें वीडियो:

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

First Published on July 16, 2017 8:35 am

  1. No Comments.
सबरंग