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Thursday, 28 February 2013 17:17 |
धार, :मप्र: । विश्व हिन्दु परिषद के मार्गदर्शक मंडल के सदस्य आचार्य धर्मेन्रद ने बसंत पंचमी के अवसर पर भोजशाला को लेकर सरकार द्वारा की गयी ज्यादतियों को गलत बताते हुए चेतावनी दी है कि सरकार को इसके परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहना चाहिए।
आचार्य धर्मेन्रद ने भोजशाला के दर्शन करने के बाद एक धर्म सभा को संबोधित करते हुए भोजशाला को सरस्वती का मंदिर बताया और कहा कि इसे मस्जिद नहीं बनने दिया जायेगा। उन्होने बसंत पंचमी पर कार्यकताओं पर हुए अत्याचार का निंदा
करते हुए कहा कि कार्यकर्ताओं के साथ जो कुछ हुआ, उसका हिसाब हम करेंगे। आचार्य धर्मेन्द ने कहा कि अब से भोजशाला आंदोलन का नाम भोजशाला मुक्तिवाहिनी होगा। उन्होने पुरातत्व विभाग को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि पुरातत्व विभाग के अधिकारियों को यह कहने का अधिकार नहीं है कि मंदिर में कब पूजा होगी और कब नमाज पढी जायेगी। इधर राष्ट्रीय स्वाभिमान आंदोलन द्वारा राष्ट्रीय स्वाभिमान जनसुनवाई समिति गठित की गई है जो धार में हुए भोजशाला घटनाक्रम की जांच करेगी और इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। (भाषा)
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