|
Saturday, 16 February 2013 14:07 |
नयी दिल्ली । केंद्रीय गृहमंत्री ने आज कहा कि सरकार महिलाओं में विश्वास भरने के लिए और अधिक कड़े कानून लाने पर विचार कर रही है।
केंद्रीय गृहमंत्री सुशील कुमार शिन्दे ने आज कहा कि सरकार महिलाओं में विश्वास भरने के लिए 16 दिसंबर की ‘‘शर्मनाक’’ सामूहिक बलात्कार जैसी घटनाओं से निपटने के उद्देश्य से और अधिक कड़े कानून लाने तथा त्वरित अदालतें स्थापित करने पर विचार कर रही है । दिल्ली पुलिस के 66वें स्थापना दिवस परेड समारोह में सलामी लेने के बाद शिन्दे ने अपने संबोधन में बल के कर्मियों से यह सुनिश्चित करने को कहा कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होनी चाहिए और उन्हें लोगों की आवश्यकताओं के प्रति संवेदनशील रहना चाहिए । उन्होंने कहा, ‘‘समाज में इस तरह की शर्मनाक घटनाओं के लिए कोई जगह नहीं है । हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि इस तरह की घटनाएं फिर से नहीं हो पाएं...सरकार त्वरित अदालतें स्थापित करने तथा कड़े कानून लागू करने की दिशा में काम कर रही है । सरकार कानूनों को कड़ा बनाने के लिए काम कर रही है ।’’ पुलिस कांस्टेबल के रूप में अपना करियर शुरू करने वाले शिन्दे ने दिल्ली सामूहिक बलात्कार मामले में ‘‘त्वरित’’ कार्रवाई करने और अभियुक्तों को 24 घंटे के भीतर पकड़ लेने तथा 18 दिन में ही आरोपपत्र दायर करने के लिए दिल्ली पुलिस की सराहना भी की । यह उल्लेख करते हुए कि महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए और कदम
उठाए जाने की जरूरत है, उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस ने 23 वर्षीय पैरामेडिकल छात्रा के सामूहिक बलात्कार की घटना के बाद कई कदम उठाए हैं और उम्मीद जताई कि वे महिलाओं में विश्वास भरेंगे । शिन्दे ने कहा, ‘‘हालांकि, पुलिस का काम कानून व्यवस्था बहाल रखना है, लेकिन लोग हर समस्या के लिए पुलिस के पास आते हैं, इसलिए हमें पुलिस के काम को और अधिक पारदर्शी तथा संवेदनशील बनाने की आवश्यकता है...पुलिस को लोगों का मित्र बनना चाहिए ।’’ दिल्ली पुलिस के आयुक्त नीरज कुमार ने सामूहिक बलात्कार को ‘‘भयावह’’ करार दिया और घटना के बाद सड़कोंं पर लोगों के गुस्से के बारे में बोले । उन्होंने कहा, ‘‘दिल्लीवासी घटना पर अपना गुस्सा व्यक्त करने के लिए सड़कों पर उतर आए । उनका गुस्सा जो संभवत: कानूनों के खिलाफ था, उन्होंने इसे पुलिस पर उतारा । प्रदर्शनों के दौरान हमारे एक पुलिस कांस्टेबल की जान चली गई । और कई अधिकारी घायल हो गए ।’’ पुलिस आयुक्त ने कहा कि मामले को 24 घंटे के भीतर सुलझा लिया गया । उन्होंने कहा कि घटना के बाद जनमत और मीडिया में बल की ‘‘नकारात्मक’’ तस्वीर दिखाई जा रही थी, लेकिन भारत सरकार, खासकर गृह मंत्रालय उस समय दिल्ली पुलिस के साथ खड़ा रहा । उन्होंने कहा, ‘‘मैं सुशील कुमार शिन्दे और आरपीएन सिंह का उनके समर्थन के लिए धन्यवाद व्यक्त करता हूं ।’’ गृह मंत्री ने इंडियन मुजाहिदीन के पांच आतंकियों को गिरफ्तार कर पुणे विस्फोट मामले को सुलझाने के लिए भी दिल्ली पुलिस की तारीफ की । (भाषा)
|
|
Last Updated on Saturday, 16 February 2013 14:18 |