|
Tuesday, 05 February 2013 19:39 |
|
नयी दिल्ली। दिल्ली की एक अदालत से जारी समन के बाद अरविंद केजरीवाल, प्रशांत भूषण और आप पार्टी के अन्य सदस्य आज अदालत में पेश हुये लेकिन नाटकीय घटनाक्रम के बीच उन्हें ‘रिहा’ कर दिया गया।
पिछले साल अगस्त में इनके खिलाफ दंगा करने के आरोप में दर्ज मामले के सिलसिले में अदालत ने इन्हें समन जारी किये थे। अदालत ने केजरीवाल, भूषण, मनीष सिसोदिया और 23 अन्य को यह आश्वासन देने पर रिहा किया कि मुकदमे का सामना करने के लिये हाजिर होंगे। इससे पहले, इन सभी ने अदालत से जमानत लेने से इंकार कर दिया था। प्रशांत भूषण ने अदालत के शुरूआती आदेश में ‘‘जमानत पर रिहा’’ शब्द पर आपत्ति की जिसके बाद न्यायाधीश ने आदेश में से जमानत शब्द हटा दिया । पटियाला हाउस का अदालत कक्ष ‘आप’ के समर्थकों
और सदस्यों से खचाखच भरा हुआ था और आदेश सुनाए जाने के समय वे ‘‘जमानत नहीं, जमानत नहीं’’ के नारे लगा रहे थे । मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट जय थरेजा ने कहा, ‘‘सभी आरोपियों को रिहा किया जाता है बशर्ते वे इस आदेश पर इस आश्वासन की पावती के रूप में हस्ताक्षर करेंगे कि वे मुकदमे का सामना करेंगे, सुनवाई की सभी तारीखों पर उपस्थित होंगे और सुनवाई के दौरान इस अदालत की शर्तों का पालन करेंगे ।’’ उन्होंने मामले में अगली सुनवाई की तारीख 23 फरवरी तय की है । कोयला ब्लॉक आवंटन मामले में पिछले वर्ष अगस्त में प्रधानमंत्री निवास और आसपास के स्थानों पर प्रदर्शन के दौरान सीआरपीसी की धारा 144 के तहत लगाए निषेधाज्ञा उल्लंघन मामले में उनके खिलाफ तीन अलग...अलग समन जारी किए गए थे जिसके बाद केजरीवाल और आप के सदस्य अदालत के समक्ष उपस्थित हुए। (भाषा)
|
|
Last Updated on Tuesday, 05 February 2013 21:46 |