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Wednesday, 07 November 2012 20:14 |
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गुड़गांव (एजेंसी) कैग के विनोद राय ने आज कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिये सरकार को सीबीआई और सीवीसी को संवैधानिक दर्जा देना चाहिये।
नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक :कैग: विनोद राय ने आज कहा कि भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने के लिये सरकार को केन्द्रीय जांच ब्यूरो :सीबीआई: और केन्द्रीय सतर्कता आयोग :सीवीसी: को संवैधानिक दर्जा देना चाहिये। राय ने यहां विश्व व्यापार मंच :डब्ल्यूईएफ: के एक सत्र में कहा ‘‘... यदि आप वास्तव में यह चाहते हैं कि इनमें से कुछ संस्थान :जैसे सीबीआई और सीवीसी: कुछ करके दिखाये, आपको जोखिम उठाना होगा और ... साहस दिखाते हुये इन्हें संवैधानिक दर्जा देना चाहिये।’’ उन्होंने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र निकाय नहीं है और इसीलिये समय समय पर लोग इन्हेंं सरकार के हाथ की कठपुतली बताते रहते हैं। उन्होंने
यह भी कहा ‘‘यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल पूरी स्वायतता और स्वतंत्रता के साथ काम करे तो आपको उसे संवैधानिक दर्जा देना होगा।’’ राय ने कहा कि जहां तक सीबीआई की बात है ‘‘यह काम के लिये पूरी तरह स्वतंत्र नहीं है, और यही वजह है कि समय समय पर यह लिखा जाता है कि ... सीबीआई सरकार की कठपुतली बन गई है। सीवीसी को देखिये .. इस संस्था का खौफ है पर यह बदनाम भी है.... यह एक सांविधिक निकाय तो है, लेकिन इसे संवैधानिक दर्जा नहीं मिला है।’’ उल्लेखनीय कैग स्वयं में एक संवैधानिक संस्था है और हाल में इसने 2जी स्पेक्ट्रम आवंटन, कोल ब्लॉक आवंटन, राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार से जुड़े कई मामलों को उजागर किया है। कैग की इन रिपोर्टों पर सरकार की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया हुई है।
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Last Updated on Wednesday, 07 November 2012 20:46 |