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उत्तर पुस्तिका का पुनर्मूल्यांकन खत्म करेगा सीबीएसई

2014 के बाद से 12वीं कक्षा के लिए 10 विषयों में उत्तर पुस्तिका का पुनर्मूल्यांकन होता था।
Author नई दिल्ली | October 5, 2016 03:31 am
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड।

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने साल 2017 से उत्तर पुस्तिका के पुनर्मूल्यांकन के प्रावधान को बंद करने का निर्णय किया है। अधिकारियों ने कहा कि हालांकि कुछ उचित मामलों के संदर्भ में कोई व्यवस्था बनाई जाएगी।  सीबीएसई के वरिष्ठ अधिकारियों ने मंगलवार को संवाददाताओं को बताया कि 2014 के बाद से 12वीं कक्षा के लिए 10 विषयों में उत्तर पुस्तिका का पुनर्मूल्यांकन होता था। उन्होंने कहा कि हालांकि पूनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने वाले छात्रों की संख्या 1.8 फीसद थी। इसका फायदा उठाने वाले काफी कम थे। अधिकारी ने बताया कि इसे ध्यान में रखते हुए सीबीएसई ने पुनर्मूल्यांकन की व्यवस्था को खत्म करने का निर्णय किया है। सीबीएसई के अध्यक्ष आरके चतुर्वेदी ने कहा कि बोर्ड के संचालक मंडल ने पूनर्मूल्यांकन को खत्म करने के निर्णय को मंजूरी दे दी है।

सूत्रों के अनुसार, बोर्ड की संचालन समिति ने इस बारे में जून में एक बैठक की थी। बैठक में विचार-विमर्श के बाद सर्वसम्मति से कक्षा 12 की उत्तर पुस्तिकाओं के पुनमूल्यांकन से जुड़ा यह अहम फैसला किया गया। परीक्षा नियंत्रक केके चौधरीने यह जानकारी दी।गौरतलब है कि पुनर्मूल्यांकन को सीबीएसई में सबसे पहले 2014 में लागू किया गया था। देश भर मे यह अकेला स्कूल बोर्ड था, जिसमें इस प्रक्रिया को लागू किया गया था। हालांकि छात्रों के लिए बड़े विचार-विमर्श के बाद शुरू की गई इस प्रक्रिया पर तब भी सवाल उठा था। लेकिन इस पर फैसला अब जाकर हो पाया। उदाहरण के लिए आइएससी बोर्ड ने छात्रों के लिए उत्तर पुस्तिकाओं की फिर से जांच और अंक फिर से जोड़ने की सुविधा दे रखी है। इसमें परीक्षार्थी को उत्तर पुस्तिका देखने की इजाजत नहीं होती। बहरहाल अब तक सीबीएसई छात्र अपने बोर्ड के 11 विषयों से जुड़ी उत्तर पुस्तिकाओं के नए पुनर्मूल्यांकन करने की मांग कर सकते थे। इन विषयो में थे -इंग्लिश (मुख्य), इंग्लिश (वैकल्पिक), हिंदी (मुख्य), भौतिक शास्त्र, रसायन शास्त्र, गणित, जीवविज्ञान, अर्थशास्त्र, एकांउटेंसी, और बिजनेस स्टडीज।
 

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  1. शलभ मित्तल
    Oct 7, 2016 at 1:11 pm
    ी फैसला
    (0)(0)
    Reply
    सबरंग