ताज़ा खबर
 

खेल भावना कहां

क्रिकेट विश्व कप में भारत की पकिस्तान पर जीत को सभी टीवी चैनलों पर देख-सुन कर मेरे मन में एक शब्द उभर आया- ‘तौबा!’ यह लीग का पहला ही मैच था। मेरे विचार से इतना प्रचार-प्रसार हमारी मानसिकता का दिवालियापन दर्शाता है। हमें खेल को खेल भावना से आंकना चाहिए। किसी भी खेल में जीत […]
Author February 17, 2015 11:32 am

क्रिकेट विश्व कप में भारत की पकिस्तान पर जीत को सभी टीवी चैनलों पर देख-सुन कर मेरे मन में एक शब्द उभर आया- ‘तौबा!’ यह लीग का पहला ही मैच था। मेरे विचार से इतना प्रचार-प्रसार हमारी मानसिकता का दिवालियापन दर्शाता है। हमें खेल को खेल भावना से आंकना चाहिए। किसी भी खेल में जीत एक की होती है।

और, अभी तो यह क्रम शुरू हुआ है। यह पहला ही मैच था। यह बात दूसरी है कि यह मैच भारत और उसके पड़ोसी देश पाकिस्तान के बीच था। अच्छा तो यह होता कि भारत की पारी के आखिरी पांच ओवर का विश्लेषण भी किया जाता, जो कि आने वाले भारत के खेलों में एक मार्ग-दर्शक की महत्त्वपूर्ण भूमिका होती!

सतीश चोपड़ा, अशोक विहार, दिल्ली

 

फेसबुक पेज को लाइक करने के लिए क्लिक करें- http://www.facebook.com/Jansatta

ट्विटर पेज पर फॉलो करने के लिए क्लिक करें- http://twitter.com/Jansatta

– See more 

 

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.
सबरंग