ताज़ा खबर
 

साढ़े छह हजार निवेशक इस बार अपने घर में मनाएंगे त्योहार

दीपावली से पहले ग्रेटर नोएडा वेस्ट के करीब साढ़े छह हजार निवेशकों को अपने घर में त्योहार मनाने का मौका मिलेगा। उन्हें फ्लैट की चाबी मिलने का रास्ता पूरी तरह से साफ हो गया है।
Author ग्रेटर नोएडा | October 20, 2016 03:23 am

शीशपाल सिंह   
दीपावली से पहले ग्रेटर नोएडा वेस्ट के करीब साढ़े छह हजार निवेशकों को अपने घर में त्योहार मनाने का मौका मिलेगा। उन्हें फ्लैट की चाबी मिलने का रास्ता पूरी तरह से साफ हो गया है। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने आठ बिल्डर परियोजनाओं का कंप्लीशन प्रमाण पत्र जारी कर दिया। निवेशकों को फ्लैटों पर कब्जा मिलने में अब कोई अड़चन नहीं है। प्राधिकरण ने बिल्डरों को निर्देश दिया है कि वे दीपावली से पहले निवेशकों को फ्लैटों की चाबी सौंप दें, ताकि वे अपने घर में त्योहार मना सकें। ग्रेटर नोएडा वेस्ट में करीब सौ बिल्डर परियोजनाएं हैं। इनमें करीब सवा लाख निवेशक हैं। अधिकांश निवेशकों ने बिल्डरों को फ्लैटों की पूरी कीमत अदा कर दी है। ज्यादातर बिल्डरों ने बुकिंग के समय निवेशकों से वादा किया था कि 2013 तक फ्लैटों पर कब्जा दे दिया जाएगा, लेकिन प्राधिकरण और किसानों के बीच 2011 में हुए जमीन विवाद के कारण कोई भी बिल्डर निर्धारित समय पर परियोजनाओं को पूरा नहीं कर सका। इलाहाबाद हाई कोर्ट में मामला जाने की वजह से डेढ़ वर्ष तक परियोजनाओं का निर्माण ठप रहा।

इससे निवेशकों को तय अवधि में फ्लैट नहीं मिल पाए। जमीन का विवाद सुलझने के बाद प्राधिकरण को 64.7 फीसद और मुआवजा किसानों को देना पड़ा। प्राधिकरण ने यह धनराशि बिल्डरों से वसूली। बिल्डरों ने निवेशकों से बढ़ा पैसा लिया। इससे दोनों के बीच विवाद रहा। इस कारण बिल्डरों ने निवेशकों को फ्लैटों पर कब्जा देना शुरू नहीं किया। जिसके कारण निवेशकों का गुस्सा फूटा और वह सड़क पर आ गए। निवेशकों के आंदोलन के बाद प्राधिकरण आगे आया और उसने बिल्डरों पर निवेशकों को फ्लैटों पर कब्जा देने के लिए दबाव बनाया। प्राधिकरण का दबाव अब काम आ रहा है। आठ बिल्डर परियोजनाओं को प्राधिकरण ने कंप्लीशन दे दिया। नियमानुसार बिना कंप्लीशन के बिल्डर निवेशकों को फ्लैटों पर कब्जा नहीं दे सकते। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण सीइओ दीपक अग्रवाल का कहना है कि प्राधिकरण की कोशिश है कि दिवाली से पहले निवेशकों को फ्लैटों पर कब्जा मिलना शुरू हो जाए।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

  1. No Comments.
सबरंग